जानिये क्यों भारतीय सरकार चीनी उत्पाद और सेवाओं पर प्रतिबंध नही लगाती हैं ?

दोस्तों बीते कुछ दिनों से भारत और चीन का सिक्किम बॉर्डर पर लगते डोकलाम क्षेत्र को लेकर विवाद बना हुआ है जो दिन-प्रतिदिन बढ़ता ही जा रहा है. दोनों देशों की सेनाएं आमने-सामने है लेकिन भारत ने भी इस बार ठान ली है कि वह हार नही मानेगा. इस बार चीन के सैनिको को पीछे हटना पड़ेगा.

बहुत सेव लोगों का सवाल है कि सरकार आखिरकार चीनी उत्पादों को भारत में बंद क्यों नही करवाती है सोशल मीडिया से लेकर आम जनता भी अब मोदी सरकार से सवाल उठाने लगी है लेकिन यदि आप थोड़े बहुत समझदार है तो आपको पता होना चाहिए सरकार ऐसे चीनी सामानों पर एकदम से बैन नही लगा सकती है लेकिन अगर आम जनता चाहे तो वह ये कर सकती है यदि वे चीनी सामान का बहिष्कार करे तो चीन को भारी नुक्सान हो सकता है.

जैसा कि आतंकवाद का समर्थन करने वाले चीन का उत्पाद लेना भी अपने आप में भारत से एक गद्दारी ही है. चीनी सामान और चीन का जितना बहिष्कार किया जाए उतना ही बेहतर है. आपकी जानकारी के लिए बता दें पुणे के व्यापारियों और वहां के लोगों ने पूरे भारतवर्ष की जनता के लिए एक मिसाल कायम की है. इन्होने पूरे बाज़ार से ही चीनी कंपनियों के बोर्ड उखाड़ फेंके है भारतीय मोबाइल कंपनियों और अन्य देशों के कंपनियों के बोर्ड छोड़ दिए गए है बस चीनी कंपनियों के ही बोर्ड उखाड़कर फेंके जा रहे है .

यदि अभी भी आपके मन में यही सवाल आ रहा है कि यदि आम जनता चीनी सामान बंद करवा सकती है तो सरकार क्यों नही तो इसका जवाब भी हम आपके लिए लाए है लेकिन उसके लिए आपको नीचे दी गयी विडियो देखनी होगी.