भारत में इस अरबपति बाप को उसके बेटे ने पाई-पाई का मोहताज बनाया,ये है कलयुगी बेटा ?

अरबपति बाप को बेटे ने बना डाला भिखारी !!

दोस्तों कहते थे न एक दिन ऐसा कलयुग आयेगा जब रिश्ते-नाते सब फीके पड़ जाएंगे. सब केवल अपना मतलब देखेंगे . लो तो वह समय आ गया और वो कलयुग भी ,जहाँ एक बेटे ने अपने बाप को भिखारी की तरह जिंदगी बिताने के लिए मजबूर कर दिया है . नीचे पढ़े पूरी खबर !

वैसे तो ये बात आप सभी जानते ही है कि बाप कि संपति पर उसके बच्चों का अधिकार होता है लेकिन इसका ये मतलब नही कि बाप को ही घर से बाहर निकाल दिया जाए. हम जानते है कि आपको ये बता पढ़कर थोड़ी बहुत हैरानी जरुर होगी लेकिन ये एकदम सच है कि देश के बड़े अमीरों में शुमार 12 हजार करोड़ रुपए के रेमंड ग्रुप के मालिक विजयपत सिंघानिया जो कभी ब्रिटेन से अकेले प्लेन उड़ाकर भारत आए थे, आज पैदल घूम रहे है .

जी न्यूज़ डीएनए में दिखाई गयी पूरी रिपोर्ट जिसे देख आपकी आँखों में आंसू आ जायेंगे,

78 साल के अरबपति उद्योगपति जो कभी मुकेश अंबानी के एंटीलिया से भी ऊंचे जेके हाउस में रहते थे आज वो मुंबई की सोसायटी में किराए के मकान में रह रहे हैं. ये बात हैरान करने वाली है लेकिन सच है. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि वकील के जरिये विजयपत सिंघानिया ने आरोप लगाया है कि उनका बेटा गौतम रेमंड लिमिटेड को अपनी व्यक्तिगत जागीर की तरह चला रहा है रेमंड का करीब तीन हजार करोड़ रुपये का कारोबार है .

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कहा जा रहा है कि विजयपत इन दिनों दक्षिण मुंबई स्थित ग्रांड पराडी सोसाइटी में किराए के घर में रह रहे हैं. पिछले दिनों उन्होंने बांबे हाई कोर्ट में याचिका दायर कर मालाबार हिल स्थित पुनर्विकसित 36 मंजिला जेके हाउस में डुप्लेक्स का कब्जा मांगा है. इसके बाद बुधवार को सिंघानिया के वकील ने कोर्ट को बताया कि विजयपत किस तरह पैसों की तंगी से गुजर रहे हैं.

2015 में बेटे को दे दी थी कंपनी !

विजयपत सिंघानिया ने 2015 में अपनी कंपनी के सारे शेयर अपने बेटे गौतम सिंघानिया को दे दिए थे. इन शेयर की कीमत उस वक्त 1000 करोड़ रुपये थी. विजयपत के वकील दिनयार मडोन के मुताबिक मालाबार हिल स्थित जेके हाउस 1960 में बना था. उस वक्त उसमें 14 फ्लोर थे. कुछ दिनों के बाद जेके हाउस में 4 ड्यूपलेक्स रेमंड की सब्सिडरी कंपनी पश्मिना होल्डिंग्स को दे दिए गए.

2007 में कंपनी ने इस बिल्डिंग को फिर से बनवाने का फैसला लिया. फिलहाल इसमें 37 फ्लोर हैं. डील के मुताबिक विजयपत सिंघानिया, गौतम सिंघानिया, विजयपत के भाई अजयपत की पत्नी वीना देवी के अलावा वीना के दो बेटों अनंत और अक्षयपत को एक-एक ड्यूपलेक्स मिलने थे. सभी लोगों ने अपने-अपने हिस्से की जमीन के लिए याचिका दायर कर रखी है. सिंघानिया का आरोप है कि गौतम ने कंपनी का सीएमडी होने का गलत फायदा उठाते हुए चारों ड्यूपलेक्स अपने नाम कर लिए हैं.