DMCA.com Protection Status

क्या आप भी जानते है उन रहस्यमयी जगहों के बारे में जिन्हें वैज्ञानिक आज भी अजूबे मानते है !

भारत एक ऐसा विशाल देश है जिसने बहुत ही खुबसुरत और रहस्य को अपने में समेटा हुआ है अगर आप किताबो में पढने बैठे तो आपको हजारो बाते ऐसी पढने को मिलेगी जिनके बारे में आपने कभी सुना भी नही होगा लेकिन हम आज आपको अपनी इस पोस्ट में 6 ऐसी जगहों के बारे में बताने जा रहे है जो विज्ञान के लिए आजतक अजूबा है आइये जानते है उन जगहों के बारे में :-

हिमालय पर्वत ( अमर जीव, यति, योगी, प्रेत ओर लाल हिम ) !

जितना अदभुत हिमालय देखने में लगता है उससे भी अधिक इससे जुडी रहस्यमयी कहानियां है माना जाता है कि यहाँ जगह-जगह ऐसे जीव रहते है जिन्होंने रति और अमरत्व प्राप्त किया था इसके साथ हिमालय में हिममानव भी पाए जाते है जोकि तिब्बत और नेपाल के इलाको में अक्सर देखने को मिलेंगे .

कहा जाता है कि यहाँ पर पर्वतारोहियों ने लाल हिमवर्षा को भी देखा है इतनी ठंड में भी हिमालय में साधुओ को साधना करते देखा जा सकता है हालंकि इसी हिमालय में न जाने कितने लोग अपनी जान भी गवा बैठे है .

कुलधारा ( राजस्थान ) !

कुलधारा राजस्थान के जैसलमेर में स्थित है जिसे 1800 के आसपास खाली करके यहाँ के लोग कहाँ चले गये ये आजतक कोई नही जान पाया है .कहा जाता है ये गाँव श्रापित है आज यहाँ कोई नही रहता है लेकिन किसी समय में यहाँ पालिवाल ब्राह्मणों का बसेरा था उस समय ये गाँव काफी सम्पन्न हुआ करता था इससे जुडी एक कहानी है जोकि आप नीचे पढ़ सकते हो .

कुलधारा की पुरानी रियासत में एक मंत्री हुआ करता था जिसका नाम सालिम सिंह था उसका दिल पालिवाल के मुखिया की लडकी पर आ गया जब उसने शादी की बात शुरू करते हुए ब्राह्मणों को ज्यादा टेक्स का डर दिखाया तो एक अँधेरी रात में 83 लोग मुखिया के साथ हमेशा के लिए इस गाँव को छोड़कर चले गये और तभी से ये गाँव सुना है .

बंगाल के दलदल ( पश्चिम बंगाल ) !

दलदली रौशनी के नाम से प्रसिद्ध ये पश्चिम बंगाल के मछुआरों के बीच ख़ासा चर्चित टर्म है माना जाता है कि इन रोशनियों की और आकर्षित होकर मछुआरे दलदलो में फंस जाते है हालंकि कई बार यही रोशनियाँ लोगो को आने वाले खतरे से सावधान भी करती है .

रिजर्व ( कच्छ का रण ) !

कच्छ गुजरात के प्रान्त रेगिस्तान के दक्षिण में स्थित है ये एक मौसमी ग्रास्लेंड है जोकि हर साल मानसून के दिनों में देखा जाता है रात के समय में यहाँ रहने वाले लोग अजीबोगरीब लाइट्स का जिक्र करते है जिन्हें लोग चिरबती के नाम से जानते है .

गंगा और ब्रह्मपुत्रा डेल्टा की अस्पष्ट आवाज !

गंगा और ब्रह्मपुत्रा के डेल्टा इलाको में इन नदियों और किनारों के बीच शोर की आवाज सुनाई देती है जिसे सुनने के बाद ऐसा लगता है जैसे सुपरसोनिक जेट आस-पास उड़ रहे हो लोगो ने इसके बारे में अपनी अलग-अलग राय दी है उनके अनुसार इसके पीछे भूकम्प, मिटटी के तूफ़ान और सुनामी वजह बताई गयी है .

जातिंगा ( आसाम ) !

आसाम के दिमा जिला के जतिंगा गाँव में आने वाले प्रवासी पक्षी खुद की जान लिए बिना यहाँ से वापिस नही जाते है हैरानी की बात तो ये है कि ये सब अमावस्या की शाम 6 -9.30 के बीच होता आ रहा है उस दौरान ये पक्षी खुद अपनी जान दे देते है ये सदियों से होता आ रहा है लेकिन आजतक इस गुथी को कोई समझ नही पाया है ।

By: Thakur Mintu on Monday, January 9th, 2017

Loading...