कश्मीर के कठूआ में गाय काटने पर उबल पड़े हिंदू कर डाली शांतिप्रिय समुदाय की ज़ोरदार पिटाई !

गाय काटना ज़रूरी है क्या ??

एक बेहद सनसनीख़ेज़ ख़बर कश्मीर के कठुआ ज़िले से आ रही है । बता दें कि एक अफ़सोसजनक वारदात के तहत सुबह 7.30 बजे के करीब कठुआ जिले के हरियाचक्क में गाय का सिर कटा हुआ मिला, जब लोगों ने देखा तो पता चला कि यह तो गाय कटी हुई है ।  यह घटना वहीं रहने वाले मुस्लिम मस्कीन के घर के नजदीक हुई। खबर फैलते ही हिंदू समुदाय के दो-तीन सौ लोग इकट्ठे हो गए और पहले तो उन्होंने उन्होंने सड़क जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया।

इसके तत्काल बाद एक व्यक्ति ने गाय के कटे सिर को अपने कब्जे में ले लिया और उसके बाद गुस्सा उबल पड़ा और प्रदर्शनकारियों की संख्या पांच-छह सौ के करीब पहुंच गई और गाय काटने वालों को दौड़ा दौड़ा कर पीटा गया तथा उनकी हालत ख़राब कर दी गयी । मीडिया में आ रही जानकारी के मुताबिक़ हिन्दुओं ने कहा – हम कब तक सहेंगे आख़िर हमारी सहनशक्ति की भी कोई सीमा है । अगर भाईचारा रखना है तो मुस्लिमों को गाय माता का सम्मान करना सीखना चाहिए और अगर नहीं सीखा तो हम सीखा देंगे । अब किसी भी क़ीमत पर सहन नहीं किया जाएगा ।

बाद में जम्मू-कठुआ रेंज के डीआइजी, डीसी कठुआ और एसएसपी कठुआ मौके पर पहुंचे और लोगों को शांत किया। पथराव से नौ-दस लोग घायल हुए और एक पुलिस कांस्टेबल को चोटें आई हैं । यहाँ ये भी बता दें कि कश्मीर में बीफ़ पार्टी आयोजित करने वाले MLA  इं. राशिद ने झगड़े वाली जगह जाने की कोशिश की तो पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इसी बात को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए राशिद ने कहा कि “आखिर इस इलाके के मुस्लिम कहां जाएं?” 

लेकिन क्या रशीद ये बताएगा कि जिन हिन्दुओं को कश्मीर से मार मार कर भगाया गया वो कहा जाएँ ? वैसे तो मुस्लिम हिन्दुओं के साथ सद्भावना रखना चाहते हैं लेकिन बीफ़ खाना छोड़ना नहीं चाहते , भला ये किस बात का भाईचारा है  ?