शर्मनाक : अखिलेश यादव ने हिन्दू नाम तो रख लिया लेकिन हिन्दू संस्कार नही सीख पाए !

केवल हिन्दू नाम रखने से कोई हिन्दू नही बन जाता, हिन्दू तो वह होता है जो हिन्दू धर्म की रक्षा करे जिसको हिन्दू संस्कारों का ज्ञान हो, ये बात भगवान श्री कृष्ण भी कह गये ” धर्म की रक्षा करो “ धर्म मतलब संस्कार . जिस व्यक्ति के मन में हिन्दू धर्म के लिए सम्मान नही होगा वो क्या आदर करेगा फिर हिन्दू धर्म का .

वैसे तो अखिलेश यादव ने भी हिन्दुओ वाला नाम रखा है पर क्या वे हिन्दू धर्म का सम्मान करते है ये बात आपको उपर तस्वीर में दिखाई दे दी गयी होगी, तस्वीर में आपने देखा कि अखिलेश यादव बहुत सारे लोगो के बीच गणेश भगवान जी को माला पहनाने जा रहे है लेकिन क्या आपने तस्वीर में एक बात नोटिस की, अखिलेश ने चमड़े का जूता पहना हुआ है, हालांकि जूता बिना फीतों वाला है जिसे खोलने में शायद 20 सैकेंड भी नही लगने थे लेकिन अखिलेश ने उन्हें उतारने का कष्ट भी नही किया .

अब इसे हम क्या कहे ? आज हिन्दू समाज में ये बात बच्चा-बच्चा जानता है कि जब भी भगवान की मूर्ति के पास खड़े होते है तो जूते उतारकर खड़े होते है लेकिन अखिलेश तो इतने बड़े है उन्हें तो ये बात पता होनी चाहिए या ये भी हो सकता है ये माला पहनाने का केवल दिखावा कर रहे हो . अखिलेश यादव के पास तो संस्कार भी नही है यदि इनके पास संस्कार होते तो ये जूते उतारकर जाते .

वैसे अखिलेश यादव का नाम में यादव तो कृष्ण भगवान ओर उनके साथियो को कहा जाता था और यादवों का मुख्य धर्म गौमाता की सेवा करना होता था ओर भगवान कृष्ण भी यही करते थे लेकिन यहाँ तो अखिलेश यादव ने गौहत्या करने वाले अख़लाक़ के परिवार को 45 लाख रुपयों के साथ सरकारी नौकरी व् फ्लैट भी दिया है . ओर इनके राज में तो गौहत्याएं बड़े पैमाने पर हुई है .

By: Thakur Mintu on Wednesday, February 22nd, 2017