फ़तवा देने के बाद ये मौलवी करते हैं चंदा इक्ठ्ठा और फिर हड़प जाते हैं पैसा !

शाहिद सिद्दकी   का एक बड़ा खुलासा आया है सामने जिसमे बताया जा रहा है कि पहले वो फतवे की बात करते हैं ,और फिर आम मुस्लिमों से चंदा इकट्टा करते हैं!

बताया जा रहा है कि मुस्लिम नेता शाहिद सिद्दकी ने फ़तवा देने वाले मुस्लिमों का एक बड़ा खुलासा किया  है उन्होंने  कहा कि इन लोगो ने भी  हलाला की तरह इन मुस्लिम धर्मगुरुओं ने फतवे को भी पैसा कमाने का एक जरिया बना लिया है!जिसे वो फ़तवा कहते हैं  क्योंकि शाहिद सिद्दकी  खुद एक मुस्लिम हैं एक मुस्लिम नेता हैं  तो उन्हें इन सब बातों का बखूबी सब कुछ अच्छे  से पता होगा कि मुस्लिम धर्मगुरुओं के लोग क्या क्यों और कैसे कर सकते हैं!

जैसा की आप सब ने देखा ही है  कि शाहिद सिद्दकी  ने खुद कहा कि एक मुस्लिम धर्म गुरु ने खुद एक कार्टूनिस्ट पर फ़तवा दिया ,और उसके बाद उसने उस फतवे की रकम की कीमत को पूरा करने के लिए आम मुसलमानों से चंदा इक्ठठा करवाया  और काफी आसनी से पुरे फतवे की कीमत की भरपाई करी ये बात खुद एक मुस्लिम नेता कह रहे हैं !

आपको भी हम ये बात बता दें कि शाहीद सिद्दकी  की ये बात बिलकुल सही है, क्योंकि दिन प्रतिदिन कई मुस्लिम धर्मगुरु जिनकी खुद की हैसियत दस रुपय की नहीं, वो  दस लाख फतवा क्या  देंगे,लेकिन वो लोग फतवे को देते हैं लेकिन इस बात का खुलासा खुद एक मुस्लिम नेता शाहिद सिद्दकी  ने किया उन्होंने बताया कि जो आम मुसलमानों से चंदा इकठ्ठा किया जाता है मुस्लिम धर्मगुरु उसी पेसे को फतवे का नाम देकर उस पेसे को हडप लेते हैं ! उन्होंने कहा कि हलाला की तरह मुस्लिम धर्मगुरुओं ने भी फतवे को अपना धंधा  बना लिया है!

 

जैसा की अपने देखा की मौलवी ने सोनू निगम  को एक राष्ट्रद्रोह का नाम देकर देश से निकलवाने की मांग करी और साथ ही ये भी कहा की सोनू निगम को गंजा किया जाए तो मे उसे दस लाख रुपय दूंगा! लेकिन अब वो खुद फतवे की बात से मुकर गए ये है मुस्लिम नेता मौलवी और धर्मगुरुओं का असली चेहरा

By: Vinita Verma on Thursday, April 20th, 2017